चेन्नई: तमिलनाडु के पूर्व मंत्री और AIADMK नेता की सी वी षणमुगम (C V Shanmugam) की शिकायत के आधार पर अन्नाद्रमुक (AIADMK) की पूर्व नेता वीके शशिकला के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। पूर्व मंत्री ने सोशल मीडिया और मोबाइल फोन के जरिए धमकी देने के आरोप में शशिकला और उनके समर्थकों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी।
पूर्व मंत्री सी वी शणमुगम ने रोशनी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई थी और आरोप लगाया कि उन्हें जान से मारने की धमकी मिली है। उन्होंने कहा कि उनके द्वारा शशिकला को पार्टी में फिर से प्रवेश की अनुमति नहीं मिलने को लेकर एक बयान जारी किया था जिसके बाद उन्हें फोन पर जान से मारने की धमकी और गालियां दी गईं।
शनमुगम ने अपनी शिकायत में कहा था कि उनके मोबाइल फोन पर 500 से अधिक कॉल आए थे और उनमें से ज्यादातर में जान से मारने की धमकी दी गई थी। रोशनी पुलिस ने धारा 506 (1) (आपराधिक धमकी), 507 (एक अज्ञात द्वारा आपराधिक धमकी), भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की 109 (उकसाने की सजा) और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।
हाल ही में AIADMK की पूर्व अंतरिम महासचिव वी.के. शशिकला ने ऑडियो क्लिपिंग के जरिए संकेत दिए थे कि वो जल्द पार्टी में वापस आएंगी| शशिकला दिवंगत मुख्यमंत्री और अन्नाद्रमुक नेता जे जयललिता की करीबी सहयोगी और सहेली हैं|
वहीं हाल ही में AIADMK के शीर्ष नेता के पलानीस्वामी ने कहा कि वीके शशिकला और उनके परिवार को लेकर पार्टी का रुख साफ है| उनके लिए पार्टी में कोई जगह नहीं| इसके साथ ही उन्होंने इस मुद्दे पर पार्टी के संयोजक ओ पनीरसेल्वम से मतभेद होने के दावों का भी खंडन किया था| पार्टी के सह संयोजक पलानीस्वामी ने ऑडियो क्लिप (जिसमे शशिकला ने संकेत दिया है कि वह अन्नाद्रमुक पर नियंत्रण की कोशिश करेंगी) जारी कर ‘भ्रम पैदा’ करने की कथित कोशिश को खारिज करते हुए कहा कि इस तरह की कोशिशें कभी सफल नहीं होंगी|