कोलंबो: स्थानीय लोगों ने श्रीलंका सरकार के खिलाफ कोलंबो में इंडिपेंडेंस स्क्वायर पर विरोध प्रदर्शन किया और राष्ट्रपति गोतबाया राजपक्षे के इस्तीफे की मांग की। विरोध प्रदर्शन कर रही युवती फातिमा ने बताया,''हम चाहते हैं कि हमारे राष्ट्रपति गोतबाया राजपक्षे पद से इस्तीफा दें। अर्थव्यवस्था चरमरा गई है और हमारे पास खाने के लिए खाना नहीं है, हमारे पास गैस नहीं है, बिजली कुछ भी नहीं है। राजपक्षे का परिवार इस सब के लिए जिम्मेदार है|
श्रीलंका में गहराए आर्थिक संकट के बीच राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे ने सोमवार को 4 मंत्रियों को पद की शपथ दिलाई। अब अली साबरी को वित्त मंत्री, जीएल पेइरिस को विदेश मंत्री, दिनेश गुनावर्दने को शिक्षा मंत्री, जॉन्सटन फर्नांडो को हाइवे मंत्री बनाया गया है।
इससे पहले राष्ट्रपति ने अपने भाई बेसिल राजपक्षे को वित्त मंत्री के पद से हटा दिया। साथ ही विपक्ष को साझा सरकार बनाने के लिए न्योता भेजा है। उन्होंने कहा- संसद में सभी राजनीतिक दल कैबिनेट पदों को स्वीकार करें और राष्ट्रीय संकट के समाधान की तलाश करने में मदद करें।
इमरजेंसी के बीच पूरी कैबिनेट ने इस्तीफा दिया
इससे पहले रविवार देर रात देश की पूरी कैबिनेट ने इस्तीफा दे दिया है। देश के शिक्षा मंत्री और सदन के नेता दिनेश गुणवर्धने ने बताया कि कैबिनेट के इसकी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे और PM महिंदा राजपक्षे को छोड़कर सभी 26 मंत्रियों ने श्रीलंका के PM को इस्तीफा सौंप दिया। हालांकि, उन्होंने कैबिनेट के इस सामूहिक इस्तीफे का कोई कारण नहीं बताया है।
श्रीलंका के केंद्रीय बैंक गवर्नर ने भी किया रिजाइन
श्रीलंका के केंद्रीय बैंक गवर्नर अजित निवार्ड काबराल ने सोमवार को रिजाइन कर दिया। उन्होंने कहा कि यह इस्तीफा सभी कैबिनेट मंत्रियों के इस्तीफा देने से जुड़ा है। काबराल ने ट्विटर के जरिए इस्तीफे की घोषणा की।
PM के बेटे ने सबसे पहले इस्तीफा दिया
कैबिनेट के इस्तीफा के पहले देश के खेल मंत्री और PM राजपक्षे के बेटे नमल राजपक्षे के अपने सभी विभागों से इस्तीफा दिया था। इसके करीब एक घंटे बाद अन्य मंत्रियों ने अपने इस्तीफे दिए। कैबिनेट के इस्तीफे का पत्र अभी PM के पास है, जो राष्ट्रपति गोटबाया राजपक्षे को सौंपा जाएगा। बताया जा रहा है कि आने वाले दिनों में नई कैबिनेट का गठन किया जाएगा।
650 से ज्यादा लोग गिरफ्तार
राजधानी कोलंबो में रविवार को सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करने पर 650 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया था। ये लोग आर्थिक संकट के विरोध में कर्फ्यू तोड़कर सरकार के खिलाफ मार्च निकाल रहे थे।
श्रीलंका में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसके बाद रविवार को देश में फेसबुक, ट्विटर, वॉट्सऐप और इंस्टाग्राम सहित सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म आउट ऑफ सर्विस हो गए। इंटरनेट पर निगरानी रखने वाली संस्था NetBlocks ने इसकी जानकारी दी। दूसरी तरफ राजधानी कोलंबो में चप्पे-चप्पे पर आर्मी और पुलिस के जवान पहरा दे रहे हैं, ताकि माहौल बिगड़े नहीं।