चंडीगढ़/मोहाली: भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तार आईएएस अधिकारी संजय पोपली के बेटे की चंडीगढ़ में शनिवार को गोली लगने से मौत हो गई| पुलिस का कहना है कि आईएएस अफसर संजय पोपली के बेटे कार्तिक पोपली ने आत्महत्या की है| परिवारवालों का आरोप है कि उसकी हत्या की गई है| पोपली की पत्नी का कहना है कि विजिलेंट टीम ने उनके 27 साल के बेटे को मार डाला|
घटना के वक्त विजिलेंस टीम पोपली के चंडीगढ़ स्थित घर पर जांच के लिए पहुंची थी। विजिलेंस ने 4 दिन पहले ही संजय पोपली को करप्शन के मामले में चंडीगढ़ से गिरफ्तार किया था। जिसके बाद उनके खिलाफ जांच की जा रही थी। IAS अफसर संजय पोपली पंजाब सरकार में पेंशन डायरेक्टर के पद पर तैनात थे।
अपने बेटे की मौत के मामले पर आईएएस अधिकारी संजय पोपली ने पुलिस पर हत्या करने का आरोप लगाया है| वहीं, चंडीगढ़ के एसएसपी ने कहा कि कार्तिक ने अपने लाइसेंसी पिस्टल से खुद को गोली मारी है।
अपने बेटे कार्तिक पोपली की मौत पर IAS संजय पोपली ने कहा कि,''मेरे बेटे की हत्या हुई है, मैं चश्मदीद गवाह हूं। मेरे सामने मारा गया है | मोहाली पोपली ने कहा कि,''मैं चश्मदीद गवाह हूं, वे (पुलिस अधिकारी) मुझे ले जा रहे हैं....मेरे बेटे को उन्हीं ने गोली मारी...:
संजय पोपली की परिजन अनु प्रीत ने बताया,''विजिलेंस की टीम संजय पोपली को कमरे में लेकर गई और कहा कि कागज पर साइन करो वरना आपके बेटे के साथ अच्छा नहीं होगा। फिर लड़के को ऊपर ले गए। हम सब को नीचे रहने को कहा। थोड़ी देर बाद गोली की आवाज आई। उन्होंने कार्तिक पोपली को गोली मार दी|
चंडीगढ़ के SSP कुलदीप सिंह चहल ने बताया,"यहां पर विजिलेंस की टीम एक मामले में जांच के लिए इनके घर आई थी। टीम जब यहां आई तो एक गोली की आवाज़ आई। बाद में पता चला की IAS ऑफिसर (संजय पोपली) के बेटे ने खुद को गोली मार कर आत्महत्या कर ली है|
संजय पोपली के बेटे की मौत को लेकर परिजनों द्वारा लगाए आरोपों पर पंजाब विजिलेंस ब्यूरो के DSP अजय कुमार ने कहा,''यह जांच का विषय है। लेकिन ये आरोप निराधार हैं। रिकवरी करने के लिए जो टीम गई थी उसने घर के अंदर कदम भी नहीं रखा। जहां से रिकवरी करनी थी वो जगह बिल्कुल घर के बाहर थी|