नई दिल्ली: केंद्र के कृषि कानूनों (Farm Laws) के खिलाफ किसान पिछले 18 दिनों से दिल्ली के बॉर्डर पर डटे हुए हैं|कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसानों के आंदोलन का आज 19वां दिन है| तीनों नए कानूनों को वापस लेने की जिद पर अड़े किसानों ने आज देशभर के जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन करने का एलान किया है साथ ही किसान अपनी मांगें पूरी कराने के लिए किसान एक दिन के भूख हड़ताल पर हैं।कृषि कानूनों के खिलाफ किसान नेता टिकरी बॉर्डर पर भूख हड़ताल पर बैठे।
कृषि कानूनों के खिलाफ टिकरी बॉर्डर पर किसानों का विरोध प्रदर्शन जारी है। किसान आज इन कानूनों के खिलाफ भूख हड़ताल पर हैं।सिंघु बॉर्डर पर किसान नेता कृषि कानूनों के खिलाफ भूख हड़ताल कर रहे हैं। किसान नेता दिल्ली-यूपी बॉर्डर पर कृषि कानूनों के खिलाफ भूख हड़ताल कर रहे हैं।
हम सरकार को ये संदेश(भूख हड़ताल से) देना चाहते हैं कि जो अन्नदाता देश का पेट भरता है उसको आज आपकी गलत नीतियों की वजह से भूखा बैठना पड़ रहा है: मनजीत, भारतीय किसान यूनियन दोआबा के अध्यक्ष
कृषि कानूनों के खिलाफ किसान प्रदर्शनकारी सिंघु बॉर्डर पर डटे हुए हैं। किसान आज कानूनों के खिलाफ भूख हड़ताल करेंगे। किसान मज़दूर संघर्ष कमेटी पंजाब के दयाल सिंह ने बताया, "काले कानूनों की वजह से अन्नदाता भूख हड़ताल कर रहे हैं।"
कृषि कानूनों के खिलाफ जयसिंहपुर खेड़ा बॉर्डर(राजस्थान-हरियाणा) पर किसानों का विरोध प्रदर्शन जारी है। एक प्रदर्शनकारी ने कहा, "हम दिल्ली जा रहे थे हमें हरियाणा पुलिस ने रोका, किसान संगठन जब बुलाएंगे तो हम नाकों को तोड़ कर दिल्ली बॉर्डर पर जाएंगे। 500 ट्रैक्टर-ट्राली आ रहे हैं।"