नई दिल्ली: शिवसेना के सांसद अरविंद सावंत और संजय राउत गाज़ीपुर बॉर्डर पर भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत से मिले। शिवसेना के सांसद संजय राउत ने कहा,''हमारे शिवसेना के सभी सांसद यहां आए हैं। राकेश टिकैत से बात हो गई है और उन्हें जो संदेश देना था हमने दे दिया है। हम पूरी ताकत से उनके साथ रहेंगे। सरकार को ठीक से बात करनी चाहिए, बात में राजनीति नहीं आनी चाहिए|
भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने कहा,''अगर विपक्ष हमारा समर्थन करने के लिए आ रहा है तो कोई समस्या नहीं है लेकिन इसका राजनीतिकरण नहीं किया जाना चाहिए। अगर नेता आते हैं तो हम कुछ नहीं कर सकते। किसानों द्वारा यातायात आंदोलन को अवरुद्ध नहीं किया गया है, यह पुलिस बैरिकेडिंग के कारण है|
पीएम मोदी ने किसानों के मुद्दे पर बीते दिनों ये बयान दिया था कि उनकी सरकार किसानों से बस एक फोन कॉल की दूरी पर है, किसान जब चाहें कृषि मंत्री से बात कर सकते हैं। मंगलवार को गाजीपुर बॉर्डर पर इसे लेकर राकेश टिकैत ने कहा कि, सरकार कह रही है कि सरकार और किसान के बीच सिर्फ एक कॉल की दूरी है तो सरकार वह नंबर बता दे। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि जिस तरह से दिल्ली के चारों तरफ पुलिस ने बैरिकेडिंग की है उससे साफ दिखाई दे रहा है कि आने वाले समय में रोटी इसी तरह कैद हो जाएगी।
सिंघु, गाजीपुर, टिकरी बॉर्डर और उसके आसपास 26 जनवरी को या उसके बाद अवैध रूप से हिरासत में लिए गए ल??गों की रिहाई के लिए दिल्ली हाईकोर्ट में जो जनहित याचिका दायर की थी आज उसे अदालत ने खारिज कर दिया है।
दिल्ली बॉर्डर पर किसान आंदोलन में कई जिलों से खापों के प्रतिनिधि और किसान लगातार पहुंच रहे हैं। सोमवार को किसान एकता मोर्चा का ट्विटर अकाउंट सस्पेंड कर दिया गया है। किसान आंदोलन को लेकर ज्यादा पोस्ट करने वाले कई अन्य ट्विटर अकाउंट भी सस्पेंड किए गए हैं। इधर, तीन फरवरी को किसान नेता राकेश टिकैत जींद का दौरा करेंगे और लोगों से किसान आंदोलन के लिए समर्थन मांगेंगे।
गणतंत्र दिवस के मौके पर दिल्ली में किसानों की ट्रैक्टर रैली के दौरान पंजाब के 100 से अधिक व्यक्तियों के लापता होने की घटना पर चिंता जताते हुए मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने सोमवार को एक ‘हेल्पलाइन नंबर 112’ का एलान किया। इस नंबर पर लापता लोगों के बारे में जानकारी दी जा सकती है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री के निर्देश पर राज्य के एडवोकेट जनरल की तरफ से 70 वकील नियुक्त किए गए हैं, जो राष्ट्रीय राजधानी में पुलिस केसों का सामना कर रहे किसानों को मुफ्त कानूनी सहायता मुहैया करवाएंगे। एडवोकेट जनरल अतुल नन्दा ने बताया कि यह जानकारी मिली है कि दिल्ली पुलिस ने उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब के 89 व्यक्तियों को हिरासत में लिया है और हिंसा के संबंध में 38 एफआईआर दर्ज की है।
हरियाणा सरकार द्वारा राज्य में इंटरनेट सेवाएं बार-बार बाधित किए जाने के खिलाफ पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया गया है। संदीप सिंह व अन्य ने याचिका दायर कर कहा है कि 26 जनवरी को केंद्र सरकार ने सिंघु बार्डर, गाजीपुर, टीकरी मुकरबा चौक और नांगलोई के आसपास इंटरनेट सेवाओं को रोक दिया है। इसी के तहत हरियाणा सरकार ने 29 जनवरी को एक आदेश के तहत राज्य के 17 जिलों में मोबाइल इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगा दी है, जो अलग-अलग आदेश के तहत अब तक जारी है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि सरकार की इस तरह की कार्रवाई मौलिक अधिकारों के खिलाफ है। सरकार की इस कार्रवाई के कारण आम लोगों को निजी व व्यापारिक तौर पर कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।